यात्रारोज़ दस मिनट का सत्संग।

नवरात्रि · दिन ८

अखण्ड ज्योति की रात

क्षान्ति — जो जला है, उसे थामे रहना

रविवार, १८ अक्टूबर

सप्तमी (द्वितीय दिवस)

अपनी तिथि पर

रविवार, १८ अक्टूबर · सप्तमी (द्वितीय दिवस)

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स्रोत

सप्तशती ५.३८–४० · गीता २.४१

दिन ८ · अखण्ड ज्योति की रात · तत्सत्